भारत के खिलाफ टर्की मलेशिया ईरान पाकिस्तान बनाये सिक्योरिटी अलायन्स?
हम भविस्य में बेहतर और ज्यादा संख्या में वीडियो बना पाए, इसलिए अब आप PayTM अथवा Google Pay नंबर - +917649046884 पर आसानी से हमें डोनेट (any amount) कर सकते हैं. Thank You!!
You can support us by being our Patron. In addition, you can suggest interesting topics to us
.On selected topics we will make special videos. Please click on below link to become our
Patron.
कृपया हमारे संरक्षक (Patron) बनकर हमें सपोर्ट कीजिये. साथ ही आप हमें टॉपिक्स सजेस्ट कर सकते हैं. चुनिंदा टॉपिक्स पर हम स्पेशल वीडियो बनायेगे. Patron बनने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें।
https://www.patreon.com/Realquickinfo
Please click on below link to join us on Facebook
इस लिंक पर क्लिक करके, आप हमसे फेसबुक पर जुड़ सकते हैं.
https://www.facebook.com/realquickinfo/
Please click on below link to join us on Twitter
इस लिंक पर क्लिक करके, आप हमसे ट्विटर पर जुड़ सकते हैं.
Note - The video was created in the Software and includes a link to https://www.movavi.com/
Congratulations, you are today's lucky winner.😊👊👊😊 Please watch today's video.
Reference -
https://en.dailypakistan.com.pk/21-Nov-2019/international-moot-calls-for-self-determination-right-for-kashmiris-under-un-charter
https://www.aa.com.tr/en/asia-pacific/turkey-hosts-international-conference-on-kashmir/1651498
https://www.aa.com.tr/en/asia-pacific/need-security-pact-to-avoid-kashmir-like-situation-/1652405
जैसा की महाराष्ट्र में राजनैतिक उठा पटक का खेल बहुत ही दिलचस्प दौर से गुजर रहा है, हम सभी का पूरा ध्यान महाराष्ट्र में कुर्सी के खेल पर केंद्रित बना हुआ है.
लेकिन आप सभी ने इतिहास पड़ा है, जब भारत के राजा एक दूसरे की टांग खींचने में व्यस्त थे, तभी भारत के खिलाफ दूर कहीं साजिस रची गयी.
परिणाम यह हुआ, की बदलते हुए वैश्विक राजनीती के खेल से भारत अनभिज्ञ रहा, और जब खतरा हमारे दरवाजे पर दस्तक देने लगा, तो हमें तैयारी करने और संगठन खड़ा करने का मौका ही नहीं मिला.
इसी बैकग्राउंड में सायद आपको पता हो, टर्की की राजधानी अंकारा में 20 और 21 नवंबर को कश्मीर पर इंटरनेशनल कांफ्रेंस का आयोजन किया गया.
इस कार्यक्रम में Iran, Pakistan, Turkey, Indonesia, Malaysia, Sri Lanka, Russia, Germany, Netherland, UK और US से कई लोगों ने हिस्सा लिया.
इस कांफ्रेंस के दौरान पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने स्पेशल लेक्चर भी डिलीवर किया.
आपको पता है, 5 अगस्त को कश्मीर से धारा 370 हटाए जाने के बाद, कश्मीर मामले का अन्तराष्ट्रीयकरण करने में बुरी तरह से असफल हुआ पाकिस्तान अब टर्की नहीं तो और कहाँ एक पक्छिय कांफ्रेंस का आयोजन करेगा.
इस कॉन्फ्रेंस में वही पुरानी बातें दोहराई गयी, जैसे की कश्मीर भारत का आतंरिक मसला नहीं है, कश्मीर समस्या के समाधान में कश्मीर के लोगों की आवाज़ सुनाई देनी चाहिए.
इस कांफ्रेंस में यह कहा गया, की कश्मीर में इंडिया इजराइल का षड़यंत्र चल रहा है, इसलिए इजराइल भारत को हथियार बेचता है, और चीन को काबू में रखने के लिए कश्मीर के मुद्दे पर अमेरिका भारत का पक्ष लेने की हर कोसिस करता है.
मोदी सर्कार से कांफ्रेंस के स्पीकर्स यहाँ तक डरे हुए हैं, की उन्होंने यह तक कह दिया, की मोदी सर्कार अभी कश्मीर पर फोकस कर रहा है, लेकिन उनका अंतिम लक्ष्य अखंड भारत का है.
चलो अच्छा ही है, कम से कम अब तो टर्की में ही सही अखंड भारत की बात तो होने लगी.
लेकिन इसी कांफ्रेंस में यह आईडिया भी प्रस्तुत किया गया, की कश्मीर जैसी परिस्थिति भविस्य में पैदा ना हो, इसके लिए टर्की मलेशिया ईरान और पाकिस्तान के बीच सिक्योरिटी पैक्ट होना चाहिए.
जब इन चार देशों के बीच सिक्योरिटी अलायन्स होगा, तो ये चारो मिलकर अंतरास्ट्रीय मंचो पर आवाज़ जोर शोर से उठा पाएंगे.
लेकिन बड़ा सवाल यह है, की ये चरों देश तो अभी भी कश्मीर का मुद्दा मिलकर उठा ही रहे थे, इसलिए ये नया सिक्योरिटी अलायन्स क्यों बनाना चाह रहे हैं.
कांफ्रेंस में एक कारण यह बताया गया , की नाटो जैसा अलायन्स कश्मीर की समस्या का समाधान चूँकि पाकिस्तान के मन के माफ़िक़ नहीं कर पाया, इसलिए अब नाटो से मिलता जुलता सिक्योरिटी अलायन्स इन चारों देशो ने भी बना लेना चाहिए.
जबकि यह आईडिया आकार लेने लगा है, यह देखना रोचक होगा, की यह बात कितनी आगे बढ़ती है.
अगर ये चारों देश मिलकर भारत के खिलाफ एक गुट बना ही लेते हैं, तो भारत उससे कैसे निपटेगा, इसके बारे में हमें सोचना होगा.
लेकिन हमें विस्वास है, भले ही हमारी मीडिया ने टर्की की यह कांफ्रेंस मिस कर दी होगी, हमारी सिक्योरिटी और इंटेलिजेंस एजेंसीज की नजर और कान इस कांफ्रेंस पर जरूर लगे होंगे.
इसी बीच सायद आपको पता हो, पाकिस्तान के आर्मी चीफ ने ईरान की यात्रा करि, जिसके बारे में पाकिस्तान की मीडिया को भी बहुत बाद में पता चला.
लेकिन पाकिस्तान के आर्मी चीफ और ईरान के राष्ट्रपति दोनों देशो के बीच सिक्योरिटी कोऑपरेशन और बॉर्डर सिक्योरिटी बढ़ाने को लेकर सहमति पर पहुंचे.
हम यह नहीं कह रहे हैं, की टर्की की कांफ्रेंस में प्रेजेंट किये गए सिक्योरिटी अलायन्स को बनाने के लिए पाकिस्तान आर्मी चीफ ने ईरान की यात्रा करि.
हम सिर्फ यह कह रहे हैं, की अगर हम टर्की की कांफ्रेंस को दर किनार भी कर दें, तो भी पाकिस्तान और ईरान एक दूसरे की करीब आ रहे हैं, जिसे हमें नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.
अंत में यह कहना ही जरूरी है, की जितना रोचक खेल महाराष्ट्र में खेला जा रहा है, उतनी ही शातिर चालें भारत के बहार भी भारत के खिलाफ चली जा रही है.
यह हम पर निर्भर करता है, की हम किस खेल को तबज्जो ज्यादा दें.
आज का बेहद आसान सवाल है, किस देश में कश्मीर पर इंटरनेशनल कांफ्रेंस का आयोजन किया गया?
पिछले वीडियो में पूछे गए सवाल के लिए आज के लकी विनर हैं, अशोक गुप्ता
और इस वीडियो को देखने के लिए आपका बहुत धन्यवाद.
Tags
real quick info latest,real quick info,real quick analysis,rqi latest,trending now in india,trending news in india,study iq latest video,study iq latest current affairs,real quick info hindi,India Turkey latest news,India Turkey news latest,Turkey India latest news,Pakistan Army chief vists Iran,India Malaysia latest news,Malaysia India Latest news,Securiy alliance in between Turkey Malaysia Iran pakistan,Turkey Malaysia Iran Pakistan Security Alliance
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें